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गन्ना किसानों को मिलेगी वित्तीय सहायता!

रॉयटर्स | नई दिल्ली Apr 09, 2018 10:13 PM IST

केंद्र सरकार द्वारा चीनी मिलों को उपज बेचने वाले गन्ना किसानों को वित्तीय सहायता मुहैया कराए जाने की संभावना है। इस घटनाक्रम से जुड़े दो सरकारी अधिकारियों ने बताया कि यह कदम अत्यधिक आपूर्ति की समस्या से जूझ रहे उद्योग को राहत प्रदान करने की खास कोशिश के तहत उठाया गया है।  दुनिया के सबसे बड़े चीनी उपभोक्ता भारत ने पिछले महीने 20 फीसदी निर्यात कर  समाप्त कर दिया और मिलों के लिए कम से कम 20 लाख टन चीनी निर्यात करना अनिवार्य बना दिया। लेकिन मिलों का कहना है कि उन्हें कम से कम 150 डॉलर प्रति टन का नुकसान होगा क्योंकि वैश्विक कीमतें लगभग ढाई वर्ष के निचले स्तर पर हैं।
 
सरकारी अधिकारियों ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार द्वारा मिलों को बेचे जाने वाले प्रत्येक टन गन्ने के लिए लगभग 55 रुपये चुकाने के प्रस्ताव को मंजूरी दिए जाने की संभावना है। हालांकि भारत चीनी निर्यात के लिए कोई प्रत्यक्ष प्रोत्साहन देने की योजना नहीं बना रहा है, लेकिन ब्राजील, आस्ट्रेलिया और थाईलैंड जैसे प्रतिस्पर्धी आपूर्तिकर्ता विश्व व्यापार संगठन (डब्ल्यूटीओ) के साथ यह शिकायत बरकरार रख सकते हैं कि ऐसे समर्थन से भारतीय उद्योग को वैश्विक रूप से बिक्री करने में मदद मिलेगी। 
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