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मॉनसून 3 दिन पहले पहुंचेगा केरल

संजीव मुखर्जी | नई दिल्ली May 18, 2018 09:56 PM IST

देश भर के करोड़ों किसानों की जीवन-रेखा कहलाने वाला दक्षिण-पश्चिम मॉनसून 29 मई यानी आने की सामान्य तारीख से तीन दिन पहले केरल के तट पर दस्तक देगा। भारतीय मौसम विभाग ने आज यह जानकारी दी। यह पूर्वानुमान चार दिन की घटत-बढ़त के मॉडल पर आधारित है। अमूमन दक्षिण-पश्चिम मॉनसून 1 जून को केरल के तट पर पहुंचता है, जिसके बाद यह अगले 45 दिनों में पूरे देश में पहुंच जाता है।  मॉनसून आने के साथ ही क्षेत्र में बारिश के सीजन की शुरुआत हो जाती है। जैसे-जैसे मॉनसून उत्तर की तरह बढ़ता है, वैसे-वैसे इन क्षेत्रों में भारी गर्मी से भी राहत मिलेगी। हालांकि मौसम विभाग ने साफ किया है कि केरल में समय पर मॉनसून पहुंचना इस बात की गारंटी नहीं है कि यह देश के अन्य हिस्सों में भी समय पर पहुंचेगा और बारिश का स्तर सामान्य रहेगा। 
 
मौसम विभाग ने कहा, 'आम तौर पर दक्षिण-पश्चिम मॉनसून 20 मई के आसपास अंडमान सागर पर पहुंच जाता है, जो एक सप्ताह आगे-पीछे रह सकता है। दक्षिण-पश्चिम मॉनसून के लिए 23 मई के आसपास अंडमान सागर के कुछ हिस्सों और बंगाल की खाड़ी के दक्षिण-पूर्व में पहुंचने के लिए अनुकूल हो जाएंगी।' मौसम विभाग ने 2018 के मॉनसून के बारे में पिछले महीने जारी अपने पहले पूर्वानुमान में कहा कि मॉनसून सामान्य रहने की संभावना है। इससे कृषि क्षेत्र में सुधार के आसार बढ़े हैं, जिसमें पिछले 4 वर्षों के दौरान वृद्धि घटती-बढ़ती रही है। 
 
मौसम विभाग ने कहा कि जून से सितंबर तक बारिश लंबी अवधि के औसत (एलपीए) की 97 फीसदी रहेगी, जिसमें 5 फीसदी घटत-बढ़त संभव है।  एलपीए देश में वर्ष 1951 से 2000 तक हुई बारिश का औसत स्तर है। यह 89 सेंटीमीटर होने का अनुमान है।  मौसम विभाग ने कहा कि इस साल बारिश सामान्य रहने के 42 फीसदी आसार हैं, जबकि सामान्य से कम रहने के 30 फीसदी आसार हैं।  इससे पहले मौसम पूर्वानुमान जारी करने वाली निजी एजेंसी स्काईमेट ने भी कहा था कि इस साल मॉनसून 'सामान्य' रहने की संभावना है। स्काईमेट ने कहा कि इस साल बारिश लंबी अवधि के औसत की 100 फीसदी रह सकती है, जिसमें 5 फीसदी की घटत-बढ़त मॉडल चूक संभव है। 
 
स्काईमेट ने यह भी कहा कि 2018 में पूर्व, उत्तर-पूर्व भारत और दक्षिण भारत के कुछ हिस्सों में 'सामान्य से कम' बारिश हो सकती है, जबकि देश के उत्तरी एवं मध्य भारत के कृषि के लिहाज से अहम क्षेत्रों में 'सामान्य' या 'अधिक' बारिश होने का अनुमान है। मौसम विभाग जून में अपने दूसरे अपडेट में क्षेत्रवार पूर्वानुमान  जारी करेगा। 
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