केयर्न इंडिया का अनुबंध पुरानी शर्तों पर ही बढ़ाने का आदेश

भाषा | नई दिल्ली Jun 01, 2018 02:45 PM IST

दिल्ली उच्च न्यायालय ने पुराने नियम एवं शर्तों के आधार पर ही केयर्न इंडिया लिमिटेड के राजस्थान तेल खंड का अनुबंध 2020 से अगले 10 साल तक के लिए बढ़ाने का आदेश दिया। कंपनी ने शेयर बाजार को भेजी नियामकीय सूचना में यह जानकारी दी है। अदालत ने कल सरकार को इस बाबत निर्देश दिया। अदालत ने कहा कि 1995 में पहली बार तय हुए नियमों एवं शर्तों के आधार पर राजस्थान खंड के लिए उत्पादन साझेदारी अनुबंध 2030 तक के लिए बढ़ाए जाएं। वेदांता लिमिटेड (पूर्ववर्ती केयर्न इंडिया) ने कहा, दिल्ली उच्च न्यायालय ने फैसला सुनाते हुए भारत सरकार को निर्देश दिया कि वह दो सप्ताह के भीतर राजस्थान खंड का उत्पादन साझेदारी अनुबंध बढ़ाने की औपचारिक सूचना दे।

कंपनी ने कहा कि दिल्ली उच्च न्यायालय ने वेदांता लिमिटेड की याचिका स्वीकृत करते हुए 31 मई को सरकार को निर्देश दिया कि राजस्थान खंड का उत्पादन साझेदारी अनुबंध मौजूदा अनुबंध के खत्म होने के बाद 10 साल तक पुरानी शर्तों पर ही बढ़ा दिया जाए। उल्लेखनीय है कि वेदांता लिमिटेड को इस खंड के लिए 1995 में 25 साल का अनुबंध मिला था। अनुबंध में एक शर्त थी कि यदि खंड में उत्पादन की गुंजाइश बची रह जाए तो यह अनुबंध पुरानी शर्तों पर ही 10 साल के लिए बढ़ाया जा सकेगा। हालांकि सरकार ने बाद में नया नियम बनाकर इसमें बदलाव किया था।

कीवर्ड Delhi High Court, Cairn India, Contract, केयर्न इंडिया, अनुबंध, उच्च न्यायालय, वेदांता लिमिटेड,

  
X

शेयर बॉक्स

पर्मलिंक