सामान्य विचार दोनों बंसल को लाया साथ

अलनूर पीरमोहम्मद और विभु रंजन मिश्रा | बेंगलूरु May 09, 2018 09:58 PM IST

ई-कॉमर्स दिग्गज फ्लिपकार्ट के संस्थापक एवं मुख्य कार्याधिकारी सचिन बंसल को अगस्त 2016 में उन कर्मचारियों की भीड़ के असंतोष का सामना करना पड़ा जो लगभग 6 महीने से कंपनी प्रबंधन में बदलावों को लेकर नाराज थे और कंपनी के भविष्य को लेकर भी चिंतित थे। सभी भारतीय अखबारों में इसे लेकर सुर्खियां छाई हुई थीं कि कंपनी में निवेशक अपनी होल्डिंग की वैल्यू में कमी कर रहे हैं और एमेजॉन इसका निश्चित तौर पर फायदा उठाने की तैयारी कर रही थी। बंसल बंधुओं ने उस साल जनवरी में मुख्य कार्याधिकारी के पद से हटना उचित समझा। बंसल के लिए इसके मायने यह थे कि फ्लिपकार्ट अपने प्लेटफॉर्म पर 10 करोड़ खरीदार के अपने लक्ष्य को पूरा करने और समान मजबूत वृद्घि को बरकरार रखने में सक्षम नहीं रही थी। लेकिन अब वॉलमार्ट द्वारा फ्लिपकार्ट में बड़ी हिस्सेदारी खरीदने का निर्णय बंसल बंधुओं के लिए काफी हद तक सही निर्णय है। इस सौदे को दुनिया में सबसे बड़े ई-कॉमर्स सौदों में से एक माना जा रहा है। एमेजॉन से कड़ी प्रतिस्पर्धा के बावजूद कुछ लोग इस सौदे का आकार 20 अरब डॉलर होने का दावा कर सकते हैं। 

 
चंडीगढ़ से ताल्लुक रखने वाले ये दोनों भाई उस समय स्थानीय हीरो बन गए जब फ्लिपकार्ट का मूल्यांकन पंजाब नैशनल बैंक की तुलना में आगे निकल गया, लेकिन जल्द ही वे भारत का बेहद मूल्यवान स्टार्टअप बनाने के लिए राष्टï्रीय हीरो भी बन गए। उनसे जुड़े और निवेशक समुदाय के लोगों का मानना है कि वे अव्यावहारिक विचारों वाले हैं और उन्होंने ऐसे वक्त असंभव कार्य करने का सपना देखा था जब भारत में इस तरह का मॉडल मौजूद भी नहीं था। उन्होंने 100 अरब डॉलर का साम्राज्य खड़ा करने और इसे सफलतापूर्वक आगे बढ़ाने का सपना देखा। बंसल बंधु शुरू से ही बेहद स्पष्टï सोच वाले थे और उन्होंने विकास को लेकर कभी समझौता नहीं किया। उनके सामने कंपनी को काफी जल्द लाभकारी बनाए जाने के पर्याप्त अवसर थे, लेकिन उनका एकमात्र उद्देश्य व्यवसाय का विस्तार करना था। दोनों संस्थापकों ने 2013 में बिजनेस स्टैंडर्ड को बताया था, 'लेकिन साथ ही हम एक कम मुनाफे वाली कंपनी के तौर पर बने रहने भी नहीं चाहते थे।' उन्होंने कहा, 'यदि कोई जल्द मुनाफे में आने पर ध्यान केंद्रित करता है तो उस संदर्भ में ई-कॉमर्स उनके लिए ऐसा स्थान नहीं है। हम फ्लिपकार्ट को भारत में खरीदारी का पर्याय बनाना चाहते हैं।'
कीवर्ड walmart, flipkart, e commerce, amazone,

  
X

शेयर बॉक्स

पर्मलिंक