ईंधन अधिभार बढऩे से अंतरराष्ट्रीय हवाई टिकट 10 फीसदी महंगा

अनीश फडणीस | मुंबई May 31, 2018 09:48 PM IST

प्रतिफल पर दबाव

अंतरराष्ट्रीय हवाई यात्रा 5 से 10 फीसदी महंगी हो गई है क्योंकि विमानन कंपनियों ने ईंधन अधिभार में इजाफा कर दिया है। यह बढ़ोतरी पिछले कुछ महीनों में र्ईंधन के दाम में इजाफे के कारण हुई है। हवाई सफर की मांग बढ़ी है, लेकिन भारत से वैश्विक उड़ान का किराया कमोबेश स्थिर रहा है। हालांकि मांग में हुई इस बढ़ोतरी से विमानन कंपनियों का राजस्व नहीं बढ़ा है। अब हालांकि विमानन कंपनियां र्ईंधन अधिभार में संशोधन कर रही हैं क्योंकि प्रतिफल पर दबाव बना हुआ है।

एतिहाद ने 4 जून या इसके बाद जारी होने वाले टिकटों के मामले में रिटर्न इकॉनमी टिकट पर र्ईंधन सरचार्ज 10 डॉलर बढ़ा दिया है जबकि रिटर्न बिजनेस या फर्स्‍ट क्लास टिकट पर यह बढ़ोतरी 20 डॉलर की है। उधर, थाई एयरवेज ने इस हफ्ते एकतरफा किराए पर सरचार्ज 3 डॉलर बढ़ाया है। दुबई की एमिरेट्स ने एजेंटों को सभी कैबिन के रणनीतिक किराए में बढ़ोतरी की सूचना दी है। हालांकि एमिरेट्स की वास्तविक किराया बढ़ोतरी की जानकारी नहीं मिल पाई है। कैथे पैसिफिक ने ट्रैवल एजेंटों को आज छोटी दूरी के मार्ग पर एकतरफा किराए पर ईंधन अधिभार 1.9 डॉलर बढ़ाने और लंबी दूरी के मार्ग पर 8.7 डॉलर बढ़ाने की सूचना दी। विमानन कंपनियों के किराए के विभिन्न स्लैब हैं और एयर इंडिया ने मुंबई-लंदन मार्ग पर अपने सबसे कम किराए का स्लैब हटा दिया है। इसके परिणामस्वरूप इस मार्ग पर किराया अब 4 फीसदी महंगा हो गया है।

कीमत में बढ़ोतरी के कदम मोटे तौर पर सीजन, मांग व विमानन कंपनियों के राजस्व प्रबंधन के हथकंडे हैं। मई का आखिर भारत से विदेशी भ्रमण के लिए पीक ट्रैवल सीजन की समाप्ति बताता है और विमानन कंपनियों की तरफ से टिकट बेचने की कोशिश अमेरिका जा रहे छात्रों को आकर्षित करने के लिए होती है।

खाड़ी देशों से आना-जाना रमजान के महीने में काफी कम होता है, लेकिन ईद के बाद इस क्षेत्र में हवाई सफर की मांग बढ़ जाती है, लिहाजा दुबई, अबु धाबी या दोहा से उड़ान की सीटें भर जाती हैं और किराया भी बढ़ जाता है। यात्रा डॉट कॉम के मुख्य परिचालन अधिकारी (बी2सी) शरत ढल ने कहा, बढ़ती मांग को देखते हुए विमानन कंपनियों ने भारत से सिंगापुर, दुबई, एम्सटर्डम, पेरिस और अमेरिका जैसे गंतव्यों के लिए क्षमता में इजाफा किया है और इससे इन क्षेत्रों के लिए किराया कम रखने में मदद मिली है। छोटी दूरी के लिए किराया पिछले साल के मुकाबले इस साल कमोबेश उतना ही रहा है, लेकिन लंबी दूरी में यह करीब 4 फीसदी बढ़ा है।

कॉक्स ऐंड किंग्स के प्रमुख (बिजनेस ट्रैवल) जॉन नायर ने कहा, हमें हवाई किराए में और बढ़ोतरी की संभावना दिख रही है क्योंकि अन्य विमानन कंपनियां भी ईंधन सरचार्ज बढ़ाएंगी। इंडिगो ने 200 से 400 रुपये तक र्ईंधन अधिभार बढ़ाया है, जो देसी मार्ग के लिए है। निजी क्षेत्र की अन्य कंपनियां भी किराया बढ़ा सकती हैं, लेकिन अभी तक किसी ने इसकी घोषणा नहीं की है।
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