उपसड़क एवं पुल निर्माण में पारदर्शिता के लिए ऐप

बीएस संवाददाता | लखनऊ Apr 19, 2018 09:40 PM IST

उत्तर प्रदेश सरकार ने सड़कों एवं पुलों के निर्माण में पारदर्शी व्यवस्था लाने के लिए चाणक्य एवं विश्वकर्मा नाम से ऐप्लीकेशन शुरू किए हैं। इससे पहले राज्य में उद्यमियों के लिए निवेश मित्र पोर्टल की शुरुआत की गई थी।  चाणक्य ऐप के  जरिये लोक निर्माण विभाग में पंजीयन, भुगतान से लेकर बिल आदि के कार्य डिजिटल माध्यम से निपटाए जाएंगे। प्रदेश में सड़कों, पुलों के निर्माण की गुणवत्ता पर नजर रखने के लिए 'बाज' नाम से एक निगरानी ऐप भी शुरु किया जाएगा।  लोक निर्माण विभाग की गतिविधियों में पारदर्शिता लाने के लिए चाणक्य और विश्वकर्मा सॉफ्टवेयर की शुरुआत गुरुवार को उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने की। चाणक्य साफ्टवेयर की जानकारी देते हुए उप मुख्यमंत्री ने बताया कि इसके माध्यम से ई-रजिस्ट्रेशन, ई-एमबी, ई-बिल, ई-पेमेंट तथा ई-निगरानी जैसे काम काम किए जाएंगे। मौर्य  ने कहा कि शीघ्र ही 'बाज' को साफ्टवेयर से जोड़ा जाएगा। 
 
उन्होंने कहा कि इसके माध्यम से कोई भी व्यक्ति किसी भी कार्य की गुणवत्ता, सड़कों पर गड्ढïे आदि आदि की फोटो सॉफ्टवेयर को भेज सकेगा, जिसके बाद लोक निर्माण विभाग त्वरित कार्रवाई करेगा। उप मुख्यमंत्री ने विश्वकर्मा ऐप के बारे में कहा,'विभाग में बजट आवंटन के संबंध में पारदर्शिता तथा विभिन्न खंडों से मुख्यालय को निर्माणाधीन कार्यों की मांग, अनुमोदन एवं निर्गत किये जाने के उद्देश्य से विश्वकर्मा सॉफ्टवेयर कार्य करेगा। मौर्य ने कहा कि लोक निर्माण विभाग के व्हाट्सऐप पर कुल 7,652 शिकायतें आई थीं, िजनमें 1,889 सड़कों से संबंधित थीं। उन्होंन कहा कि इनमें 44 शिकायतों का निवारण किया जा चुका है। उपमुख्यमंत्री कहा कि बारिश के दिनों में भी राज्य सरकार नई तकनीक से गुणवत्तापूर्ण सड़कें बनाएगी। 
कीवर्ड road, construction, uttar pradesh,

  
X

शेयर बॉक्स

पर्मलिंक